Wednesday, March 4, 2026
No menu items!
More

    पालघर में मतदाता सूची को लेकर भाजपा और शिवसेना आमने सामने  

    पालघर : मतदाता सूची को लेकर पुरे देश में राजनीतिक विवाद छिड़ा हुवा है। विपक्ष इस मुददे को लेकर सरकार को घेरने में जूटा है । वही 2 दिसम्बर को होने वाले पालघर नगरपरिषद में पालघर में मतदाता सूची को लेकर भाजपा और शिवसेना (एकनाथ शिंदे ) आमने सामने है। पालघर नगर परिषद चुनावों में मतदाता सूची को लेकर दोनों सत्ताधारी मित्र पार्टियों में राजनीतिक विवाद छिड़ गया है। भाजपा ने शिवसेना पर आरोप लगाते हुए कहा कि शिंदे गुट ने अपने पसंदीदा अधिकारी की नियुक्ति के ज़रिए मतदाता पंजीकरण को प्रभावित करने की कोशिश की है। भाजपा के जिला महासचिव अशोक अंबुरे ने शिवसेना पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि पालघर नगरपरिषद चुनाव के लिए बिना किसी सत्यापन के शिवसेना ने अधिकारियों , कर्मियों पर राजनीतिक दबाव डाल कर कई त्रुटियों के बावजूद पूरक मतदाता सूची प्रकाशित करवाया है ।   

    उन्होंने शिवसेना पर मतदाता सूची में धांधलेबाजी करने का गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हुई है। कई मतदाताओं के नाम बिना प्रमाण, पते या पहचान संख्या के दर्ज किए गए है। और कुछ आवेदनों को अयोग्य घोषित करने के बजाय सूची में शामिल कर लिया गया है। अबआगामी पालघर नगर परिषद चुनावों की पृष्ठभूमि में मतदाता सूची को लेकर राजनीतिक विवाद छिड़ गया है। भाजपा ने शिवसेना (शिंदे गुट) पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि प्रशासन ने राजनीतिक दबाव में बिना किसी सत्यापन और कई त्रुटियों के बावजूद पूरक मतदाता सूची प्रकाशित कर दी है। एक वार्ड के मतदाताओं को दूसरे वार्डों में डाल दिया गया है। एक ही मतदाता का नाम मतदाता सूची में दो बार दर्ज है। ऐसे मतदाताओं को भी सूची में शामिल किया गया है जो उस वार्ड या इलाके में नहीं रहते। एक ही परिवार के सदस्यों का नाम अलग-अलग वार्डों में दर्ज किया गया है। भाजपा का आरोप है कि मतदाताओं के बिना आवेदन भरे ही आवेदन पत्र भर दिए है। चुनाव प्रक्रिया स्वतंत्र और पारदर्शी तरीके से होनी चाहिए। 17 तारीख से पहले उचित प्रमाणों के साथ आवेदन जमा करने वालों के नाम सही करने पर हमें कोई आपत्ति नहीं है। लेकिन बिना किसी प्रमाण के नाम जोड़ना और उन्हें बनाए रखने के लिए प्रशासन पर दबाव डालना लोकतंत्र के लिए हानिकारक है। उन्होंने प्रशासन से मामले की जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए कहा की चुनाव प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से करवाया जाए।

    RELATED ARTICLES

    Most Popular